Thursday, July 23, 2026
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बलरामपुर को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दी 293.95 करोड़ की 75 विकास परियोजनाओं की सौगात

बलरामपुर को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दी 293.95 करोड़ की 75 विकास परियोजनाओं की सौगात

“दंगामुक्त उत्तर प्रदेश ही विकास और सुशासन की पहचान” मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

विश्व पर्यावरण दिवस पर मुख्यमंत्री ने किया हरिशंकरी पौधारोपण, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

बलरामपुर तेजी से बन रहा विकास मॉडल, डबल इंजन सरकार ने बदली जनपद की तस्वीर मुख्यमंत्री

“अगर किसी ने बेटी और व्यापारी की सुरक्षा में सेंध लगाई तो उसे छोड़ेंगे नहीं” मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ

माँ पाटेश्वरी विश्वविद्यालय, मेडिकल कॉलेज, थारू संग्रहालय और हर घर नल योजना से बदली बलरामपुर की तस्वीर

समय व्यूज़ संवाददाता /एम एच आज़ाद


बलरामपुर! उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने जनपद बलरामपुर के तहसील तुलसीपुर अंतर्गत ग्राम मध्य नगर बिलोहा में आयोजित भव्य कार्यक्रम में जनपद को 293.95 करोड़ रुपये लागत की 75 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया।
इस अवसर पर माननीय मुख्यमंत्री ने विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर हरिशंकरी (पीपल, पाकड़ एवं बरगद) का पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि प्रकृति एवं पर्यावरण संरक्षण वर्तमान समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है तथा “जल है तो कल है” का संदेश प्रत्येक व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री जी ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉल एवं विकास प्रदर्शनी का अवलोकन किया। बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग की प्रदर्शनी में उन्होंने बच्चों को दुलार करते हुए अन्नप्राशन कराया। मुख्यमंत्री जी ने प्रधानमंत्री आवास योजना, मुख्यमंत्री आवास योजना ग्रामीण, मुख्यमंत्री युवा योजना एवं मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना के लाभार्थियों को लाभान्वित किया। साथ ही कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय की छात्राओं को उत्कृष्ट प्रदर्शन हेतु सम्मानित भी किया।

मुख्यमंत्री ने बलरामपुर के विकास मॉडल पर जनता से सीधा संवाद करते हुए कहा कि आज उत्तर प्रदेश विकास, सुरक्षा और सुशासन के नए युग में प्रवेश कर चुका है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से पूर्व बलरामपुर सहित प्रदेश के कई जिलों की पहचान दंगों एवं माफियाओं से होती थी, लेकिन आज उत्तर प्रदेश दंगामुक्त प्रदेश बन चुका है। उन्होंने कहा कि पहले जब दुर्गा पूजा होती थी तो पचपेड़वा, गैसड़ी, बलरामपुर एवं उतरौला जैसे क्षेत्रों में तनाव एवं दंगे की स्थिति उत्पन्न हो जाती थी और उन्हें स्वयं गोरखपुर से आकर लोगों की मदद करनी पड़ती थी, लेकिन आज प्रदेश के 75 जनपद, 350 तहसीलें एवं 57 हजार से अधिक ग्राम पंचायतें दंगामुक्त हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज उत्तर प्रदेश की पहचान निवेश, रोजगार, युवा शक्ति और सांस्कृतिक विरासत के रूप में हो रही है। अयोध्या, काशी, मां पाटेश्वरी, मां शाकम्भरी, नैमिषारण्य, श्रावस्ती तथा जैन तीर्थंकरों की भूमि के रूप में प्रदेश को नई पहचान मिली है। उन्होंने कहा कि यह सम्मान इसलिए संभव हुआ क्योंकि जनता ने अच्छे जनप्रतिनिधियों को चुनकर सदन में भेजा।


उन्होंने कहा कि विकास की प्रक्रिया तभी आगे बढ़ती है जब जनता सही नेतृत्व का चयन करती है। यदि माफियाओं को चुनकर भेजा जाएगा तो वे गरीबों का शोषण करेंगे, जबकि आज सरकार माफियाओं की जमीनों पर गरीबों के लिए मकान बना रही है। डबल इंजन की सरकार डबल स्पीड से कार्य करते हुए किसान, व्यापारी, महिला एवं युवाओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करा रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज वह गैसड़ी एवं तुलसीपुर विधानसभा क्षेत्र के बॉर्डर पर आए हैं। उन्होंने वर्ष 2007 में तुलसीपुर आगमन को याद करते हुए कहा कि उस समय मथुरा घाट पर राप्ती नदी पर पुल की मांग उठी थी। जैसे ही आपने  कैलाश नाथ शुक्ला को तुलसीपुर से विधायक बनाया, मथुरा घाट पर भी पुल की स्वीकृति दे चुके हैं।


उन्होंने कहा कि तुलसीपुर एवं बलरामपुर तेजी से विकास की राह पर आगे बढ़ रहे हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जातिवाद एवं परिवारवाद से ऊपर उठकर प्रदेश ने विकास की राजनीति को चुना है। पहले एक परिवार की सिफारिश पर नौकरी मिलती थी, लेकिन अब गरीबों को बिना भेदभाव सरकारी योजनाओं का लाभ मिल रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार ने गरीब बच्चों के लिए छात्रवृत्ति, विश्वविद्यालय, मेडिकल कॉलेज तथा रोजगार के नए अवसर उपलब्ध कराए हैं।

मुख्यमंत्री ने पर्यावरण संरक्षण पर जोर देते हुए कहा कि यदि जल स्रोतों को प्रदूषित किया जाएगा तथा वनों की कटाई होगी तो पर्यावरणीय क्षति का दुष्परिणाम मानव जीवन को भुगतना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि आज बलरामपुर तेजी से विकसित जनपद के रूप में उभर रहा है।
उन्होंने कहा कि एक समय नीति आयोग के मानकों में बलरामपुर देश के सबसे पिछड़े जनपदों में शामिल था, लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में डबल इंजन सरकार ने यहां विकास को नई गति दी। आज बलरामपुर में बेहतर सड़कें, बिजली, हर घर नल योजना, सरयू राष्ट्रीय परियोजना, मेडिकल कॉलेज, मां पाटेश्वरी विश्वविद्यालय तथा थारू संग्रहालय जैसी ऐतिहासिक परियोजनाएं साकार हो रही हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इमलिया कोडर में थारू संग्रहालय का निर्माण कराया गया, मां पाटेश्वरी के नाम पर विश्वविद्यालय स्थापित किया गया तथा अटल बिहारी वाजपेयी जी के नाम पर मेडिकल कॉलेज बनाया गया। उन्होंने कहा कि वनटांगिया गांवों के लोगों को आवास एवं जमीन के पट्टे देकर मुख्यधारा से जोड़ा गया है। आज थारू जनजाति के लोगों के पास अपना मकान, स्कूल एवं बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हैं।

मुख्यमंत्री ने बेसिक शिक्षा विभाग के आंकड़ों का उल्लेख करते हुए कहा कि इस वर्ष प्रदेश में सर्वाधिक नामांकन बलरामपुर जनपद में हुए हैं, जो जनपद के उज्ज्वल भविष्य का संकेत है। सीमावर्ती जनपद होने के बावजूद बलरामपुर विकास की मुख्यधारा से जुड़कर नए विकास मॉडल के रूप में उभर रहा है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 से पूर्व गरीबों का राशन भी माफिया खा जाते थे, लेकिन आज प्रत्येक गरीब को निःशुल्क राशन उपलब्ध कराया जा रहा है। गांवों में आय, जाति एवं निवास प्रमाण पत्र की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है तथा गरीबों के इलाज के लिए आयुष्मान भारत योजना का लाभ दिया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने कानून व्यवस्था पर सख्त संदेश देते हुए कहा कि यदि किसी ने बेटी की सुरक्षा में सेंध लगाने या व्यापारियों को परेशान करने का प्रयास किया तो सरकार उसे छोड़ेगी नहीं। यही सरकार की घोषित नीति है।
उन्होंने औद्योगिक विकास का उल्लेख करते हुए कहा कि बलरामपुर में चीनी मिल के माध्यम से पीएलए प्लांट स्थापित किया जा रहा है, जहां ऐसा प्लास्टिक बनाया जाएगा जो उपयोग के बाद मिट्टी में मिल जाएगा। इससे उद्योग को बढ़ावा मिलेगा तथा युवाओं को रोजगार के नए अवसर प्राप्त होंगे।
कार्यक्रम के दौरान एवरेस्ट बेस कैंप पहुंचने वाली तीन छात्राओं ने माननीय मुख्यमंत्री को मां पाटेश्वरी देवी का चित्र भेंट किया।

इस अवसर पर प्रभारी मंत्री/खाद्य एवं रसद तथा नागरिक आपूर्ति सतीश चंद्र शर्मा, महंत देवीपाटन मंदिर मिथिलेश नाथ योगी, विधायक तुलसीपुर कैलाश नाथ शुक्ला, माननीय विधायक बलरामपुर पल्टूराम, माननीय विधायक उतरौला राम प्रताप वर्मा, पूर्व विधायक शैलेश कुमार सिंह “शैलू”, माननीय सदस्य विधान परिषद सकेत मिश्रा, माननीय सदस्य विधान परिषद अवधेश सिंह “मंजू”, जिला पंचायत अध्यक्ष आरती तिवारी, जिलाध्यक्ष रवि मिश्रा, नगर पालिका अध्यक्ष बलरामपुर धीरेंद्र प्रताप सिंह “धीरू”, अपर मुख्य सचिव गृह संजय प्रसाद, आयुक्त देवीपाटन मंडल दुर्गाशक्ति नागपाल, जिलाधिकारी डॉ.विपिन कुमार जैन, मुख्य विकास अधिकारी हिमांशु गुप्ता सहित जनप्रतिनिधिगण, अधिकारीगण एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।


संवाददाता हकीम आजाद

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